योगी सरकार ने गोमती रिवर फ्रंट की सीबीआई जांच की सिफारिश केंद्र को भेजी - News18 इंडिया

योगी सरकार ने गोमती रिवर फ्रंट घोटाले की जांच सीबीआई से कराए जाने की सिफारिश केंद्र सरकार को भेज दी है. सचिव गृह भगवान स्वरुप ने बताया कि इस मामले को केंद्र के कार्मिक विभाग को निर्धारित प्रारूप भेज दिया गया है. 20 जून को सिंचाई विभाग ने इस मामले में गोमतीनगर थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी. इसे प्रारूप में शामिल किया गया है. आरोप है कि रिवर फ्रंट प्रोजेक्ट में करोड़ों रुपए का घोटाला हुआ है. एफआईआर में सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता से लेकर एक्सईएन स्तर तक के अधिकारीयों को नामजद किया गया था. इनमें गुलश चंद्र, एसएन शर्मा, काजिम अली, शिवमंगल यादव, अखिल रमण, ...

गोमती रिवरफ्रंट घोटाले की सीबीआई जांच का रास्ता साफ - Inext Live

LUCKNOW : सपा सरकार के ड्रीम प्रोजेक्ट गोमती रिवरफ्रंट के निर्माण में हुए घोटाले की सीबीआई जांच की सिफारिश कर दी गयी है। गृह विभाग ने निर्धारित प्रोफार्मा में इस मामले की जांच सीबीआई से कराने का अनुरोध केंद्रीय कार्मिक मंत्रालय से किया है। अब कार्मिक मंत्रालय इसे मंजूरी के लिए सीबीआई के पास भेजेगा। सीबीआई अगर इस मामले की जांच शुरू करने की हामी भरती है तो यूपी के कई राजनेताओं, नौकरशाहों और इंजीनियरों की मुश्किलें बढ़ सकती है। एक महीना लटकी रही फाइल. दरअसल योगी सरकार द्वारा घोटाले की न्यायिक जांच कराने के बाद विगत क्9 जून को सिंचाई विभाग के ...

रिवर फ्रंट घोटालाः योगी ने जांच के लिए CBI को लिखा लेटर, घोटालेबाज अफसरों पर होगी कार्रवाई - दैनिक भास्कर

सीएम योगी ने रिवर फ्रंट घोटाले की जांच के लिए सीबीआई को लेटर लिखकर इसकी तत्काल जांच करने के ल‍िए कहा है। Replay. Prev; |; View Again. रिवर फ्रंट घोटालाः योगी ने जांच के लिए CBI को लिखा लेटर, घोटालेबाज अफसरों पर. गोमती र‍िवर फ्रंट। फाइल. लखनऊ.पूर्व सीएम अखिलेश यादव के ड्रीम प्रोजेक्ट रहे गोमती रिवर फ्रंट घोटाले की जांच के लिए सीएम योगी आदित्यनाथ ने सीबीआई जांच की संस्तुति कर दी है। पिछली सपा सरकार में रिवर फ्रंट और डायफ्राम बनाने के नाम पर 1437 करोड़ खर्च करने के बाद भी 60 प्रतिशत काम नहीं हुआ। वहीं, करोड़ों की रकम को डकार गए अफसरों पर भी आपराधिक धाराओं में मुकदमा चलाने ...

गोमती रिवर फ्रंट घोटाले की होगी CBI जांच, कार्मिक मंत्रालय ने भेजी संस्तुति - खास खबर

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने गोमती रिवर फ्रंट घोटाले की सीबीआई जांच के आदेश दे दिए हैं। योगी सरकार के इस फैसले से पूर्व सरकार के कई मंत्रियों और अधिकारियों पर तलवार लटक गई है। आपको बता दें कि पूर्ववर्ती सपा सरकार के इस ड्रीम प्रोजेक्ट की लागत 656 करोड़ रुपये थी, जो बढ़कर 1513 करोड़ कर दी गई थी। मामला ने तूल तब पकड़ा जब 90 फीसदी राशि खर्च होने के बावजूद इस प्रोजेक्ट का कार्य पूरा नहीं हो सका। योगी सरकार के इस फैसले से अखिलेश सरकार के तत्कालीन सिंचाई मंत्री शिवपाल यादव समेत कई राजनेता जांच की घेरे में आएंगे। वहीं समाजवादी पार्टी इस कार्रवाई को प्रदेश की योगी ...

गोमती रिवर फ्रंट प्रॉजेक्ट की सीबीआई जांच की सिफारिश, केंद्र को भेजा पत्र - नवभारत टाइम्स

यूपी सरकार ने गोमती रिवर फ्रंट प्रॉजेक्ट में कथित घोटाले की जांच सीबीआई से करवाने की सिफारिश कर दी है। गृह सचिव भगवान स्वरूप ने केंद्र सरकार को पत्र भेजे जाने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि सिफारिश में न्यायिक जांच समिति की रिपोर्ट, गोमतीनगर थाने में दर्ज एफआईआर की कॉपी व अन्य दस्तावेज भी प्रारूप के साथ भेजे गए हैं। केंद्रीय कार्मिक मंत्रालय की मंजूरी के बाद मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी जाएगी। इस मामले में सिंचाई विभाग की तरफ से 19 जून को गोमतीनगर थाने में आठ इंजीनियरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई गई थी। वहीं, जानकारों का मानना है कि अगर सीबीआई इस ...

रिवर फ्रंट घोटाले में केंद्र को भेजी गई CBI जांच की सिफारिश, कई अफसरों की सांसें अटकी - अमर उजाला

यूपी सरकार ने गोमती रिवर फ्रंट घोटाले में सीबीआई जांच के लिए सिफारिश केंद्र को भेज दी है। मामले में कई अफसरों व इंजीनियरों पर तलवार लटक रही है। गृह विभाग ने सिफारिश भेजने के बाद सचिव गृह ने बताया कि भगवान स्वरूप ने बताया कि इस मामले को केंद्र के कार्मिक विभाग को निर्धारित प्रारूप में भेज दिया गया है। 20 जून को सिंचाई विभाग ने इस मामले में गोमतीनगर थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। इसे प्रारूप में शामिल किया गया है। आरोप है कि रिवर फ्रंट प्रोजेक्ट में करोड़ों रुपये का घोटाला हुआ है। एफआईआर में सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता से लेकर एक्सईएन स्तर तक के अधिकारियों को ...

अखिलेश के ड्रीम प्रोजेक्ट 'गोमती रिवरफ्रंट' पर ग्रहण, योगी सरकार ने की CBI जांच की सिफारिश - आज तक

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने गुरुवार को राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के ड्रीम प्रोजेक्ट 'गोमती रिवरफ्रंट' में हुई विभिन्न अनियमितताओं की सीबीआई जांच की संस्तुति कर दी है. गृह विभाग के सचिव भगवान स्वरूप ने यह जानकारी मीडिया को दी. उन्होंने कहा, "गोमती रिवर फ्रंट परियोजना की सीबीआई जांच के लिए औपचारिक पत्र केन्द्र को भेज दिया गया है." आपको बता दें कि गोमती रिवर फ्रंट परियोजना में गड़बड़ी के आरोप में सिंचाई विभाग द्वारा आठ अभियंताओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराए जाने के करीब एक महीने बाद सरकार ने यह कदम उठाया है. प्रदेश के नगर विकास मंत्री ...

गोमती रिवर फ्रंट घोटाले की होगी सीबीआइ जांच - दैनिक जागरण

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने गोमती चैनलाइजेशन (रिवर फ्रंट) परियोजना की जांच सीबीआइ को सौंपने के लिए मंत्रालय ने संस्तुति भेज दी। लखनऊ (जेएनएन)। उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने गोमती चैनलाइजेशन (रिवर फ्रंट) परियोजना की जांच सीबीआइ को सौंपने के लिए केंद्रीय कार्मिक मंत्रालय ने संस्तुति भेज दी। पूर्ववर्ती अखिलेश सरकार के इस ड्रीम प्रोजेक्ट की लागत 656 करोड़ रुपये थी, जो बढ़कर 1513 करोड़ हो गई थी। 90 फीसद राशि खर्च होने के बावजूद कार्य पूरा नहीं हो पाया था। अगर सीबीआइ ने जांच अपने हाथ में ले ली तो ढेरों बड़े लोग जांच के घेरे में आएंगे। अखिलेश ...

1400 करोड़ के खर्च पर हुआ सिर्फ 60 फीसदी काम, रिवर फ्रंट घोटाले की होगी सीबीआई जांच - GAON CONNECTION

लखनऊ। गोमती रिवर फ्रंट डिवलपमेंट परियोजना में हुई फिजूलखर्ची की आंच बड़ों-बड़ों तक पहुंचेगी। सीबीआई अब इस घोटाले की जांच करेगी। इस परियोजना में शुरुआत से ही गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आई हैं। गोमती संरक्षण के लिए काम कर रही संस्थाओं ने बहुत पहले ही कई जगह अपव्यय की शिकायत की थी, मगर उनकी दलीलें नक्कारखाने में तूती की आवाज की तरह दबा दी गई थीं। अब जबकि न्यायिक जांच बैठा दी गई, ऐसे में उन सारे मुद्दों पर बात होगी जो पहले बताए गए लेकिन उन पर कोई ध्यान नहीं दिया गया था।