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पाकिस्तानी हिंदुओँ के लिये विभाजन अभी जारी है - Deutsche Welle;

पाकिस्तानी हिंदुओँ के लिये विभाजन अभी जारी है - Deutsche Welle

Deutsche Welleपाकिस्तानी हिंदुओँ के लिये विभाजन अभी जारी हैDeutsche Welle70 साल के विभाजन ने इतिहास में इंसानों के सबसे बड़े विस्थापन की इबारत लिखी. इसके बाद भी पाकिस्तान से हिंदुओं का भारत आना जारी है. हिंदू बहुल देश में सरकारी अधिकारी उनसे 'पाकिस्तानी एजेंट' जैसा सलूक करते हैं. Pakistan Hindu Frau in Thatta bei Hyderabad (AP). पाकिस्तान में रहने वाले जोगदास कई दशकों से हो रहे उत्पीड़न से बचने के लिए भारत आने का सपना देखा करते थे. सीमा पार करने के बाद जब सच का सामना हुआ है तो सारे ख्वाब बिखर गये हैं. सीमा पर दसियों हजार लोग अस्थायी शिविरों में जिंदगी बसर कर रहे है और उनके पास काम करने का भी कोई कानूनी अधिकार नहीं है. बहुत से लोग मजबूर हो कर पास ...और अधिक »

भारत में भेदभाव का दर्द झेल रहे पाकिस्तान से आए हिंदू - Hindustan हिंदी;

भारत में भेदभाव का दर्द झेल रहे पाकिस्तान से आए हिंदू - Hindustan हिंदी

Hindustan हिंदीभारत में भेदभाव का दर्द झेल रहे पाकिस्तान से आए हिंदूHindustan हिंदीपाकिस्तान और भारत के बंटवारे को सात दशक का समय पूरा होने को आया है। बंटवारे के बाद कुछ हिंदू भारत आए, इस उम्मीद में कि उन्हें अपने देश में वह सबकुछ मिलेगा जिसकी उन्हें उम्मीद थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ और पाकिस्तान से अलग भारत में भी दूसरे दर्जे का बर्ताव झेल रहे हैं। आज भी पाकिस्तान से भारत आ रहे हिंदू जोगदास उनमें से ही एक हैं। पाकिस्तान में कई हिंदू ऐसे हैं, जिन्हें कई तरह की सुविधाओं से मरहूम रखा गया। इन्हीं परेशानियों से बचने के लिए जोगदास भारत आए थे। लेकिन अब उन्हें इस बात का अहसास हो गया है कि वास्तविकता उनके सपने से बहुत अलग है? 70 बरस के बाद भी पाकिस्तान से ...और अधिक »

भारत में भेदभाव का दर्द झेल रहे पाकिस्तान से आए हिंदु - Hindustan हिंदी

भारत में भेदभाव का दर्द झेल रहे पाकिस्तान से आए हिंदुHindustan हिंदीपाकिस्तान और भारत के बंटवारे को सात दशक का समय पूरा होने को आया है। बंटवारे के बाद जो हिंदु पाकिस्तान में रह गए उन्हें शरणार्थी का दर्जा दिया गया। कुछ हिंदु भारत आए, इस उम्मीद में कि उन्हें अपने देश में वह सबकुछ मिलेगा जिसकी उन्हें उम्मीद थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ और पाकिस्तान से अलग भारत में भी दूसरे दर्जे का बर्ताव झेल रहे हैं। आज भी पाकिस्तान से भारत आ रहे हिंदु. जोगदास उनमें से ही एक हैं। पाकिस्तान में कई हिंदु ऐसे हैं जिन्हें कई तरह की सुविधाओं से मरहूम रखा गया। इन्हीं परेशानियों से बचने के लिए जोगदास भारत आए थे। लेकिन अब उन्हें इस बात का अहसास हो गया है कि ...और अधिक »

पाकिस्तानी हिंदुओं का छलका दर्द, बोले- बंटवारा अभी बाकी है - दैनिक जागरण;

पाकिस्तानी हिंदुओं का छलका दर्द, बोले- बंटवारा अभी बाकी है - दैनिक जागरण

दैनिक जागरणपाकिस्तानी हिंदुओं का छलका दर्द, बोले- बंटवारा अभी बाकी हैदैनिक जागरणहकीकत में वह लोग अलग शिविरों में स्थानीय लोगों से दूर रहते हैं और प्रशासन द्वारा उन्हें संदेह की नजरों से देखा जाता है और बर्ताव किया जाता है। जोधपुर, एएफपी। पाकिस्तान से बेहतर जिंदगी की तलाश में भारत आए हिंदुओं का दर्द छलका है। सीमा पार से भारत आए हिंदुओं की हालात काफी दयनीय है। मुस्लिम आबादी वाले पाकिस्तान में हिंदू होने का उत्पीड़न सह रहे लाखों लोगों ने भारत जाने का सपना देखा था। इन्हीं में एक है पाकिस्तान से भारत आए जोगदास, लेकिन बॉर्डर के इस पार भी हकीकत उनके लिए किसी दर्द भरे सपने से कम नहीं है। बंटवारे के दौरान बड़ी संख्या में लोग पाकिस्तान से भारत ...और अधिक »

ये पाकिस्तानी हिंदू आज भी झेल रहे हैं विभाजन का दर्द - Firstpost Hindi;

ये पाकिस्तानी हिंदू आज भी झेल रहे हैं विभाजन का दर्द - Firstpost Hindi

Firstpost Hindiये पाकिस्तानी हिंदू आज भी झेल रहे हैं विभाजन का दर्दFirstpost Hindiविभाजन के 7 दशक बीत जाने के बावजूद इस्लामिक देश पाकिस्तान से हिंदुओं का भारत में पलायन जारी है. कुछ दशक पहले जोगदास पाकिस्तान में होने वाले अत्याचारों से बचने और बेहतर जिंदगी की तलाश में भारत में आए थे.लेकिन जीवन की तंगहाली ने सीमा के इस ओर भी उनका पीछा नहीं छोड़ा. टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी खबर के मुताबिक आज भी करीब 10 हजार हिंदुओं ने भारत में शरण ले रखी है और वे सीमा के पास बने कैंपों में बिना किसी कानूनी अधिकार के रह रहे हैं. पत्थर तोड़कर पाल रहे हैं पेट. इनमें से कई परिवार नजदीकी पत्थर की खदानों में गैर-कानूनी तरीके से काम करके अपना पेट पाल रहे हैं. इन लोगों ...और अधिक »

पाकिस्तान से आए हिंदुओं का दर्द, बोले- बंटवारे की आग अभी तक नहीं बुझी - अमर उजाला;

पाकिस्तान से आए हिंदुओं का दर्द, बोले- बंटवारे की आग अभी तक नहीं बुझी - अमर उजाला

अमर उजालापाकिस्तान से आए हिंदुओं का दर्द, बोले- बंटवारे की आग अभी तक नहीं बुझीअमर उजालापाकिस्तान से भारत आने वाले हिंदुओं की हालत बहुत खराब है। जो हिंदू बेहतर जिंदगी की तलाश में यहां आते हैं, उनके साथ हमारा देश अजनबियों की तरह व्यवहार करता है। कुछ ऐसा ही सपना जोगदास ने देखा था, उन्हें लगा था कि पाकिस्तान में हिंदुओं पर बहुत अत्याचार हो रहे हैं इसलिए भारत की ओर चला जाए। लेकिन भारत आने के बाद भी उनके हालात सुधरे नहीं हैं। आजादी के 70 साल बाद भी पाकिस्तानी हिंदू भारत के लिए पलायन करते हैं। और हजारों लोग बॉर्डर के पास कैंप में रहते हैं। बिना किसी कानून के काम करते हैं। कुछ लोगों के पास कोई विकल्प नहीं होता। 81 साल के जोगदास ने बताया कि पाकिस्तान में ...और अधिक »